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October to December 2024 Article ID: NSS8856 Impact Factor:8.05 Cite Score:384507 Download: 876 DOI: https://doi.org/ View PDf
भारत के राष्ट्रीय जागरण में स्वामी विवेकानंद की भूमिका का अध्ययन
ज्ञानेश शुक्ला
सहायक प्राध्यापक, बद्री प्रसाद लोधी स्नातकोत्तर शासकीय महाविद्यालय, आरंग, जिला- रायपुर (छ.ग.)
शोध सारांश- भारतीय इतिहास में स्वामी विवेकानंद के योगदान अत्यंत महत्वपूर्ण है। उनका प्रभाव न केवल दार्शनिक और धार्मिक क्षेत्र तक ही था, बल्कि उन्होंने भारत की राष्ट्रीय चेतना और स्वतंत्रता आंदोलन को भी अत्यंत गहराई से प्रभावित किया। स्वामी विवेकानंद ने भारतीय संस्कृति और परंपराओं का गौरव बढ़ाया साथ ही भारतीय समाज में व्याप्त पिछड़ेपन, गरीबी और अज्ञानता को दूर करने के लिए आत्मनिर्भरता और शिक्षा को महत्वपूर्ण माना। उनके विचारों ने युवा पीढ़ी को आत्मसम्मान और राष्ट्रभक्ति के मार्ग पर चलने के लिए प्रेरित किया। स्वामी विवेकानंद का यह विश्वास कि समाज के हर वर्ग को जागरूक और सशक्त बनाना आवश्यक है, स्वतंत्रता संग्राम के दौरान एक प्रमुख मार्गदर्शक सिद्धांत बन गया।
शब्द
कुंजी-राष्ट्रवाद, राष्ट्रीय चेतना, स्वतंत्रता आंदोलन, भारतीय संस्कृति और परंपरा।
