• January to March 2026 Article ID: NSS9655 Impact Factor:8.05 Cite Score:225 Download: 17 DOI: https://doi.org/ View PDf

    भारतीय ज्ञान परंपरा में भौगोलिक तत्व विवेचन

      डॉ. प्रभाकर मिश्र
        प्राध्यापक (भूगोल) शासकीय महाविद्यालय, महिदपुर (म.प्र.)

शोध सारांश - सृष्टि के उदय के साथ ही निरंतर परिवर्तन की श्रृंखला चली आ रही है जिसमें अनेक भौतिक परिवर्तन सम्मिलित हैं। सृष्टि में भौतिक पदार्थों के माध्यम से अनेक खगोलीय पिंडों का निर्माण और उनके परस्पर संबंधों के विकास के साथ-साथ अन्य भौतिक प्रक्रियाओं का आविर्भाव हुआ जिससे अन्य भौगोलिक तत्वों का विकास संभव हो पाया। भौगोलिक तत्वों में उनकी शक्तियां समाहित रहती हैं जो अपने आसपास के अन्य तत्वों को भी प्रभावित करती हैं। पृथ्वी तल पर स्थित जड़ और चेतन पदार्थों पर इसकी महत्वपूर्ण प्रतिक्रिया प्रदर्शित होती है।

शब्द कुंजीः सृष्टि, पृथ्वी, प्राकृतिक तत्व, पर्यावरण।