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January to March 2026 Article ID: NSS9700 Impact Factor:8.05 Cite Score:82 Download: 6 DOI: https://doi.org/ View PDf
ई-प्रशासन एवं साधारण नौकरशाही प्रशासन का तुलनात्मक अध्ययन
डॉ. मनोज कुमार चंदोलिया
सहायक प्राध्यापक (समाजशास्त्र) शासकीय महाविद्यालय, खुरई, जिला-सागर (म.प्र.)
शोध सारांश- वर्तमान समय में प्रशासन, व्यापार एवं अन्य शासकीय संगठनों
में ई-प्रशासन महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। प्रस्तुत शोध-पत्र में ई-शासन, ई-प्रशासन
एवं साधारण परंपरागत नौकरशाही प्रशासन की अवधारणाओं को स्पष्ट करने का प्रयास किया
गया है। इस शोधपत्र मेंई-प्रशासन और परंपरगत नौकरशाही में अंतर स्पष्ट करते हुए उनके
बीच सम्बन्धों के विश्लेषण का भी प्रयास किया गया है। विश्लेषण के अंत में पाया गया
कि ई-प्रशासन अधिक प्रभावी, कुशल, परिपक्व और समयोन्मुख है। दूसरी ओर नौकरशाही का परंपराकत
स्वरूप कठोर कानून का पालन करता है एवं यह समय के साथ परिवर्तन से डरता है। हालांकि
संशोधित ई-नौकरशाही स्वरूप, सामान्य नौकरशाही के पूर्व स्वरूप से बेहतर है। प्रस्तुत
शोध-पत्र वर्तमान में ई-प्रशासन के ढांचे एवं उसे अपनाने की पृष्ठभूमि की भी खोज करता
है। यद्यपि ई-प्रशासन की व्यापकता के लिए प्रारंभिक चरण में अत्यधिक धन की जरूरत होती
है लेकिन एक बार स्थापित हो जाने पर यह नौकरशाही के परंपरागत स्वरूप की अपेक्षा अधिक
लम्बे समय तक लाभ प्रदान करता है।
शब्द कुंजी- ई-शासन, ई-प्रशासन, नौकरशाही-प्रशासन,
नौकरशाही, ई-नौकरशाही एवं सूचना प्रौद्योगिकी।
