• January to March 2026 Article ID: NSS9721 Impact Factor:8.05 Cite Score:54 Download: 0 DOI: https://doi.org/ View PDf

    स्कूली लड़कों की मांसपेशीय सहनशक्ति पर सर्किट प्रशिक्षण और प्लायोमेट्रिक प्रशिक्षण कार्यक्रम के तुलनात्मक प्रभाव

      जनक सिंह
        शोधार्थी (शारीरिक शिक्षा) भूपाल नोबल्स विश्वविद्यालय, उदयपुर (राज.)
      डॉ. हितेश चंद्र रावल
        सह-आचार्य शारीरिक शिक्षा विभाग भूपाल नोबल्स विश्वविद्यालय, उदयपुर (राज.)

शोध सारांश- इस अध्ययन का उद्देश्य "मोटे स्कूली लड़कों की चुनिंदा शारीरिक क्षमता  और शारीरिक बनावट के घटकों पर सर्किट प्रशिक्षण  और प्लायोमेट्रिक प्रशिक्षण कार्यक्रम  के तुलनात्मक प्रभावों" की जाँच करना था। इस उद्देश्य को प्राप्त करने के लिए विद्यार्थियों का विषयों के रूप में चयन उदयपुर के सेंट एंथनी स्कूल और सेंट गेगोरियस का चयन किया गया था। राजस्थान जो वर्ष 2024-25 के दौरान अध्ययनरत मोटे स्कूली बच्चों पर कियागया था ।विषयों की आयु 13 से 17 वर्ष के बीच थी।

यह परिकल्पना की गई थी कि मोटे स्कूली लड़कों की चुनिंदा शारीरिक क्षमता  और शारीरिक बनावट के घटकों पर सर्किटप्रशिक्षण  और प्लायोमेट्रिक प्रशिक्षण कार्यक्रम  के तुलनात्मक प्रभावों में महत्वपूर्ण सुधार होगा। उन्हें तीन बराबर समूहों में विभाजित किया गया: समूह-A: सर्किट प्रशिक्षण  समूह, समूह-B: प्लायोमेट्रिक प्रशिक्षण  समूह, और समूह-C: नियंत्रण समूह (Control group)

विषयों का परीक्षण चुने हुए चरों पर पहले (प्री-टेस्ट) और प्रायोगिक प्रशिक्षण के अंत में (पोस्ट-टेस्ट) किया गया, जो 12 सप्ताह के बाद लिया गया था। प्राप्त आंकड़ों का विश्लेषण ANCOVA द्वारा किया गया। अध्ययन के परिणामों के आधार पर यह निष्कर्ष निकाला गया कि सर्किट प्रशिक्षण और प्लायोमेट्रिक प्रशिक्षण कार्यक्रम ने मोटापे से ग्रस्त स्कूली लड़कों के चुने हुए शारीरिक क्षमता  और शारीरिक संरचना (Body Composition) घटकों में महत्वपूर्ण सुधार किया।

शब्द कुंजी-सर्किट प्रशिक्षण, प्लायोमेट्रिक प्रशिक्षण और मांसपेशियों की ताकत।