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January to March 2026 Article ID: NSS9728 Impact Factor:8.05 Cite Score:144 Download: 0 DOI: https://doi.org/ View PDf
जमर आई नहीं, जाई ही करेगी : माड़वा की माँ चंदू का जमर
अशोक दान
शोधार्थी (इतिहास) ज्योति विद्यापीठ महिला विश्वविद्यालय, जयपुर (राज.)
शोध सारांश- मरुधरा का इतिहास केवल
युद्धों का ही नहीं, बल्कि स्वाभिमान और 'हठ' का भी रहा है। जब-जब
सत्ता के नशे में चूर शासकों ने अन्याय की सीमाएं लांघी, तब-तब चारणों ने 'तागा' (शरीर त्याग) और 'जमर' (जीवित अग्नि समाधि)
जैसे कठोर निर्णय लेकर धर्म की रक्षा की। ऐसी ही एक ओजस्वी गाथा है माड़वा गाँव की
'चंदू माऊ' की, जिन्होंने पैतृक
संपत्ति और मर्यादा के लिए वह किया जो इतिहास में बिरले ही कर पाए।
