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April to June 2026 Article ID: NSS9903 Impact Factor:8.05 Cite Score:27 Download: 0 DOI: https://doi.org/ View PDf
प्रधानमंत्री आवास योजना का लाभार्थियों की सामाजिक-आर्थिक विकास का अध्ययन
डॉ. विवेक कुमार पटेल
सह प्राध्यापक एवं विभागाध्यक्ष (वाणिज्य) प्रधानमंत्री कॉलेज ऑफ़ एक्सीलेंस शास. शहीद केदारनाथ महविद्यालय, मऊगंज (म.प्र.)संजय कुमार पटेल
शोधार्थी, एम् फिल (वाणिज्य) प्रधानमंत्री कॉलेज ऑफ़ एक्सीलेंस शास. शहीद केदारनाथ महविद्यालय, मऊगंज (म.प्र.)
शोध सारांश- भारत सरकार द्वारा वर्ष 2015
में प्रारंभ की गई प्रधानमंत्री आवास योजना (PMAY) का उद्देश्य आर्थिक रूप से कमजोर एवं निम्न आय
वर्ग के परिवारों को सुरक्षित एवं सम्मानजनक आवास उपलब्ध कराना है।प्रधानमंत्री
आवास योजना (PMAY)
भारत
सरकार की प्रमुख सामाजिक सुरक्षा योजनाओं में से एक है, जिसका उद्देश्य प्रत्येक पात्र परिवार को सुरक्षित एवं
पक्का आवास उपलब्ध कराना है। ग्रामीण क्षेत्रों के लिए प्रधानमंत्री आवास
योजना-ग्रामीण (PMAY-G)
अप्रैल
2016 से लागू है, जबकि शहरी क्षेत्रों के लिए
प्रधानमंत्री आवास योजना-शहरी (PMAY-U)
वर्ष
2015 से संचालित है। दिसंबर 2025 तक PMAY-G के
अंतर्गत 3.86 करोड़ से अधिक आवास स्वीकृत तथा लगभग 2.92 करोड़ आवास पूर्ण किए जा
चुके हैं। वहीं PMAY-U
के
अंतर्गत लगभग 1.73 करोड़ आवास स्वीकृत तथा 99 लाख से अधिक आवास पूर्ण किए गए हैं।
अध्ययन में सामाजिक विकास के संकेतकों—जैसे
शिक्षा, स्वास्थ्य, स्वच्छता, सामाजिक सुरक्षा एवं महिला सशक्तिकरण—तथा आर्थिक विकास के संकेतकों—जैसे आय, रोजगार, वित्तीय समावेशन एवं
परिसंपत्ति सृजन—का मूल्यांकन किया गया है।
प्राथमिक आँकड़ों का संकलन लाभार्थियों के सर्वेक्षण द्वारा तथा द्वितीयक आँकड़ों
का संकलन ग्रामीण विकास मंत्रालय, आवासन एवं शहरी कार्य
मंत्रालय, राष्ट्रीय सांख्यिकी
कार्यालय (NSO)
तथा
नीति आयोग की रिपोर्टों से किया गया है। साथ ही, योजना के प्रभावी क्रियान्वयन में आने वाली चुनौतियों की भी
पहचान करेगा तथा नीति-निर्माताओं के लिए उपयोगी सुझाव प्रस्तुत करेगा।
शब्द कुंजी-प्रधानमंत्री आवास योजना, सामाजिक-आर्थिक विकास, लाभार्थी, ग्रामीण विकास, जीवन स्तर, आर्थिक सशक्तिकरण।
